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एडब्ल्यूईआईएल एडवांस्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड भारत सरकार का सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम रक्षा मंत्रालय
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कंपनी इतिहास

शुरुवात:

भारतीय आयुध कारखानों का इतिहास और विकास भारत में ब्रिटिश शासन से सीधे तौर पर जुड़ा हुआ है। इंग्लैंड की ईस्ट इंडिया कंपनी ने भारत में अपने आर्थिक हित के लिए और अपनी राजनीतिक पकड़ बढ़ाने के लिए सैन्य हार्डवेयर को एक महत्वपूर्ण तत्व माना। 1775 के दौरान ब्रिटिश अधिकारियों ने फोर्ट विलियम, कोलकाता में आयुध बोर्ड की स्थापना को स्वीकार किया। यह भारत में सेना आयुध की आधिकारिक शुरुआत का प्रतीक है।

1787 में ईशापुर में एक बारूद कारखाना स्थापित किया गया जिसने 1791 से उत्पादन शुरू किया (जिस स्थान पर 1904 में राइफल फैक्टरी स्थापित की गई थी)। 1801 में कोसीपोर, कोलकाता (वर्तमान में गन एंड शेल फैक्ट्री, कोसीपोर के रूप में जाना जाता है) में एक गन कैरिज एजेंसी की स्थापना की गई और 18 मार्च, 1802 से उत्पादन शुरू हुआ। यह आयुध कारखानों की पहली औद्योगिक स्थापना है जिसने आज तक अपना अस्तित्व जारी रखा है।

बदलाव भारतीय आयुध कारखानों

अपनी वर्तमान स्थापना के लिए आयुध कारखानों का विकास निरंतर लेकिन तेजी से हुआ है। 1947 में भारत के स्वतंत्र होने से पहले 18 आयुध कारखाने थे। स्वतंत्रता के बाद 21 कारखाने स्थापित किए गए हैं - ज्यादातर, भारतीय सशस्त्र बलों द्वारा लड़े गए तीन प्रमुख युद्धों के कारण रक्षा तैयारियों की अनिवार्यता के मद्देनजर। 40वीं फैक्ट्री नालंदा, बिहार में स्थापित की जा रही है। मुख्य कार्यक्रम

आयुध निर्माणी के विकास में मुख्य घटनाओं को नीचे सूचीबद्ध किया जा सकता है:

1801 - कोसीपोर, कोलकाता में गन कैरिज एजेंसी की स्थापना।

1802 - कोसीपुर में 18 मार्च 1802 से उत्पादन शुरू हुआ।

1906 - भारतीय आयुध कारखानों का प्रशासन 'आयुध कारखानों के आईजी' के रूप में एक अलग प्रभार के तहत आया।

1933 - आयुध कारखानों के निदेशक' को आरोपित किया गया।

1948 - रक्षा मंत्रालय के सीधे नियंत्रण में रखा गया।

1962 - रक्षा मंत्रालय में रक्षा उत्पादन विभाग की स्थापना की गई।

1979 - 2 अप्रैल से आयुध निर्माणी बोर्ड अस्तित्व में आया।

2021 - ओएफबी के निगमीकरण के बाद 1 अक्टूबर, 2021 से ए०डब्ल्यू०ई०आई०एल० अस्तित्व में आया

कंपनी अवलोकन

एडवांस्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड (AWEIL) आयुध निर्माणी बोर्ड को पूरी तरह से सरकारी स्वामित्व वाले उद्यमों में परिवर्तित करके गठित सात (7) नए रक्षा सार्वजनिक उपक्रमों में से एक है। AW&EIL को 14 अगस्त, 2021 को कंपनी अधिनियम 2013 के तहत शामिल किया गया है, हालांकि, इसका कारोबार 1 अक्टूबर 2021 को DDP द्वारा अधिसूचित किया गया था। इसमें निम्नलिखित उत्पादन और गैर-उत्पादन इकाइयां शामिल हैं:

राइफल फैक्ट्री ईशापुर, स्मॉल आर्म्स फैक्ट्री, कानपुर, गन एंड शेल फैक्ट्री, कोसीपोर, ऑर्डनेंस फैक्ट्री तिरुचिरापल्ली, ऑर्डनेंस फैक्ट्री, कानपुर, फील्ड गन फैक्ट्री, कानपुर, गन कैरिज फैक्ट्री, जबलपुर, और ऑर्डनेंस फैक्ट्री प्रोजेक्ट कोरवा और ऑर्डनेंस में गैर-उत्पादन इकाइयाँ फैक्ट्रीज इंस्टीट्यूट ऑफ लर्निंग ईशापुर एंड रीजनल कंट्रोलरेट ऑफ सेफ्टी, कानपुर।

कॉर्पोरेट जानकारी

कंपनी का नाम एडवांस्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड
पंजीकृत कार्यालय आयुध निर्माणी कानपुर, कल्पी रोड, कानपुर, उत्तर प्रदेश, भारत – 208009
सीआईएन U29270UP2021GOI150734
दूरभाष 0512 - 297 9938
ईमेल cmd[at]aweil[dot]in

गुणवत्ता

प्रमाणन और मान्यता
एकीकृत प्रबंधन प्रणाली (आईएसओ 9001:2015, आईएसओ 14001:2015 और ओएचएसएएस 18001:2007) आईएस 17025:2005 के अनुसार एनएबीएल मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला (रासायनिक, यांत्रिक, धातुकर्म और गैर-विनाशकारी परीक्षण) आईएस/आईएसओ 50001:2011 ऊर्जा प्रबंधन प्रणाली (ईएनएमएस)

पैकिंग बॉक्स के लिए रासायनिक/यांत्रिक/धातुकर्म परीक्षण, अल्ट्रासोनिक परीक्षण, चुंबकीय कण परीक्षण, डाई प्रवेश परीक्षण, स्प्रिंग लोड परीक्षण और बर्स्ट परीक्षण के लिए एनएबीएल मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला में निर्माण के प्रत्येक चरण में सामग्री के निरीक्षण और परीक्षण के लिए व्यापक सुविधाओं से लैस। फैक्टरी तकनीकी अध्ययन और गुणवत्ता सुधार के लिए प्रतिष्ठित एजेंसियों और आईआईटी, कानपुर जैसे संस्थानों के साथ नियमित रूप से बातचीत करती है। इसमें नेटवर्क क्वालिटी डेटाबेस मैनेजमेंट सिस्टम (NQDBMS) है - पारदर्शिता की दिशा में एक कदम

मानवीय संसाधन

01

कर्मचारी कौशल विकास (ए०डब्ल्यू०टी०एम० )

02

व्यवसायिक प्रशिक्षण

03

व्यापार शिक्षु

चार्टर

AWEIL सेवा के मानक, गुणवत्ता और समय सीमा और उत्पाद वितरण, शिकायत निवारण तंत्र, पारदर्शिता और जवाबदेही के लिए प्रतिबद्ध है।

Board of Directors

  • सीएमडी
  • कार्यात्मक निदेशक
  • सरकारी निदेशक
  • स्वतंत्र निदेशक
श्री उमेश सिंह

श्री उमेश सिंह

अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक

ईमेल cmd[at]aweil[dot]in

प्रोफ़ाइल

श्री उमेश सिंह ने वर्ष 1988 में पूर्व रुड़की विश्वविद्यालय (अब आईआईटी रुड़की) से विद्युत अभियांत्रिकी में स्नातक की उपाधि प्राप्त की। उन्होंने अगस्त 1991 में भारतीय आयुध कारखाना सेवा में प्रवेश किया। सेवा के दौरान उन्होंने 1998-1999 के दौरान वेलिंगटन के रक्षा सेवा स्टाफ कॉलेज से रक्षा एवं रणनीतिक सेवा में एम.एससी. किया है। उन्होंने यूनाइटेड किंगडम के क्रैनफील्ड विश्वविद्यालय के रक्षा कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी से गन सिस्टम डिजाइन में एम.एससी. भी किया है जिसके लिए उन्हें कॉलेज द्वारा 'रॉयल ऑर्डनेंस ट्रॉफी' से सम्मानित किया गया।

34 से अधिक वर्षों के अपने करियर के दौरान उन्होंने फील्ड गन फैक्ट्री (एफजीके) कानपुर, गन कैरिज फैक्ट्री (जीसीएफ) जबलपुर, गन एंड शेल फैक्ट्री (जीएसएफ) कोसीपोर, आयुध कारखाना बोर्ड, कोलकाता और नई रक्षा कंपनियां डिवीजन, डीडीपी, नई दिल्ली में सेवा की है। एफजीके, जीसीएफ और जीएसएफ में काम करते समय उन्होंने महत्वपूर्ण संयंत्र एवं मशीनरी के रखरखाव, तोपखाना गन, टैंक गन एवं एयर डिफेंस गन के लिए उत्पादन योजना के क्षेत्र में अनुभव प्राप्त किया। आयुध कारखाना बोर्ड, कोलकाता में उन्होंने संगठन के लिए उत्पाद विकास, भारतीय/विदेशी निजी कंपनियों के साथ सहयोग के माध्यम से विकास प्राप्त करने की नीति बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

मार्च 2022 से अक्टूबर 2023 तक, वे डीओओ(सी एंड एस) नई दिल्ली में नई रक्षा कंपनियां डिवीजन के डीडीजी थे। डीडीजी/एनडीसीडी के रूप में उन्होंने नवगठित डीपीएसयू को वित्तीय एवं गैर-वित्तीय सहायता प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। एडब्ल्यूईआईएल में शामिल होने से पहले उन्होंने मुनिशन्स इंडिया लिमिटेड कॉर्पोरेट कार्यालय, पुणे में कार्यकारी निदेशक के रूप में भी काम किया है।

उन्होंने 01.04.2025 से प्रभावी एडब्ल्यूईआईएल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक का कार्यभार संभाला।

श्री जय गोपाल महाजन

श्री जय गोपाल महाजन, सीएमए, सीएस, एमबीए (वित्त)

निदेशक (वित्त)

ईमेल dir-fin[at]aweil[dot]in

प्रोफ़ाइल

श्री जय गोपाल महाजन (डीआईएन: 10824241) ने 30.10.2024 को एडवांस्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड (एडब्ल्यूईआईएल) के निदेशक (वित्त) और बोर्ड के सदस्य के रूप में कार्यभार संभाला। एडब्ल्यूईआईएल में शामिल होने से पहले, वह बीईएमएल लिमिटेड (7 साल) में कार्पोरेट हेड ऑफ फाइनेंस के रूप में कार्यरत थे, जो रक्षा मंत्रालय के तहत एक प्रमुख मल्टी-टेक्नोलॉजी 'SCHEDULE A' CPSE है। इससे पहले वह नेशनल हैंडलूम्स डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (14 साल) में कार्पोरेट हेड ऑफ फाइनेंस और कंपनी सेक्रेटरी के रूप में सेवा दे चुके हैं, जो वस्त्र मंत्रालय के तहत एक CPSE है, और उससे पहले लुधियाना स्थित वर्धमान समूह ऑफ इंडस्ट्रीज (11 साल) में कार्यरत थे, जो भारत में एक प्रमुख टेक्सटाइल समूह है।

श्री महाजन 1991 बैच के लागत और प्रबंधन लेखाकार हैं, जिन्हें कंपनी सेक्रेटरी और एमबीए (वित्त) के साथ-साथ पीजी डिप्लोमा इन मार्केटिंग मैनेजमेंट (गोल्ड मेडलिस्ट) प्राप्त है। उन्होंने एम.कॉम में प्रथम स्थान प्राप्त करने के लिए एच.पी. विश्वविद्यालय, शिमला में स्कॉलरशिप प्राप्त की। उन्होंने भारतीय प्रबंधन संस्थान, कोलकाता से 'अंतरव्यक्तिगत प्रभावशीलता और नेतृत्व उत्कृष्टता' पर प्रबंधन विकास कार्यक्रम किया है और 'अंतर्राष्ट्रीय संस्थान ऑफ प्रोजेक्ट एंड प्रोग्राम मैनेजमेंट' से 'एक्जीक्यूटिव डिप्लोमा इन प्रोजेक्ट मैनेजमेंट' पूरा किया है।

वह 32 साल के समृद्ध और विविध अनुभव के साथ आते हैं, जिसमें सार्वजनिक क्षेत्र (21 साल) के साथ-साथ निजी क्षेत्र (11 साल) में रक्षा और एयरोस्पेस, रेल और मेट्रो, खनन और निर्माण उपकरण, हैंडलूम, टेक्सटाइल और फार्मास्यूटिकल उद्योग में सभी पहलुओं में वित्त प्रबंधन, लेखा, ऑडिट, जांच, डिजिटलीकरण और कंपनी कानून मामलों में विशेषज्ञता है, जिसमें ट्रेजरी और फंड प्रबंधन, फॉरेक्स प्रबंधन, निर्यात क्रेडिट, लेखा अंतिमीकरण, आंतरिक ऑडिट, प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष कराधान, बीमा, लक्ष्य लागत, वाणिज्यिक, एमआईएस, प्रणालीगत सुधार, नीति निर्माण और कंपनी अधिनियम और सेबी नियमों के तहत अनुपालन शामिल हैं। वह दृढ़ता से मानते हैं कि काम के प्रति प्रतिबद्धता सफल होने की कुंजी है।

श्री महाजन ने 01 दिसंबर, 2024 से प्रभावी निदेशक/एचआर के अतिरिक्त प्रभार का कार्यभार संभाला।


श्री मनस कविराज

श्री मनस कविराज

निदेशक (एचआर)

ईमेल dir-hr[at]aweil[dot]in

प्रोफ़ाइल

श्री मनस कविराज, निदेशक (एचआर), 09 सितंबर' 2025 को AWEIL, कानपुर में शामिल हुए। वह रांची के जेवियर इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल सर्विस से कार्मिक प्रबंधन और औद्योगिक संबंधों में स्नातकोत्तर हैं। श्री कविराज के पास श्रम प्रबंधन में मास्टर डिग्री भी है और वह आईआईएम रोहतक से प्रमाणित रणनीतिक एचआर विश्लेषक हैं।

उनके पास मानव संसाधन के संपूर्ण क्षेत्र में 34 से अधिक वर्षों का समृद्ध अनुभव है। AWEIL में शामिल होने से पहले, श्री कविराज ने हिंडाल्को लिमिटेड, सिप्ला लिमिटेड, कोल इंडिया लिमिटेड, और MECON लिमिटेड एवं NBCC (इंडिया) लिमिटेड जैसे विभिन्न संगठनों में सेवा की है। उन्होंने NBCC (T) लिमिटेड संगठन की संरचना में परिवर्तनकारी बदलाव लाए हैं, विशेष रूप से प्रतिभा प्रबंधन, अधिगम एवं विकास, कर्मचारी कल्याण एवं प्रेरणा, परिवर्तन प्रबंधन, दक्षता विकास, और पदोन्नति में। उनके नेतृत्व में, NBCC ने एचआर योजना, एचआर एनालिटिक्स, और एचआर बिजनेस पार्टनरिंग (HRBP) में महत्वपूर्ण प्रगति देखी है।

श्री कविराज ने एचआर को एक स्पष्ट उद्देश्य के साथ प्रोत्साहित किया है, इसे एक पारंपरिक, प्रतिक्रियाशील कार्य से एक गतिशील और सक्रिय शक्ति में परिवर्तित किया है जो न केवल वर्तमान आवश्यकताओं को संबोधित करती है बल्कि प्रतिभा का पोषण करती है, विकास को प्रोत्साहित करती है, और एक टिकाऊ और दूरदर्शी कार्य वातावरण का निर्माण करती है। अपने मूल में चपलता और लचीलेपन को एम्बेड करके, उन्होंने एचआर को परिवर्तन के अनुकूल होने के साथ-साथ चुनौतियों के सामने फलने-फूलने में सक्षम बनाया है, यह सुनिश्चित करते हुए कि यह संगठन की सफलता का एक स्थिर स्तंभ बना रहे।

मानव संसाधन के क्षेत्र में उनके योगदान ने उन्हें कई मान्यताएं दिलाई हैं, जिनमें PSU में HR Professional का गौरव, PSU में India's Best HR Leaders, HR Corporate Award 2017-18, Training एवं Development के लिए Best in Class, और Great Place to Work Institute, India द्वारा Great Place to Work Certification शामिल हैं। वह AIMA, National HRD Network (NHRDN), और National Institute of Personnel Management (NIPM) के आजीवन सदस्य हैं। श्री कविराज ने Institute of Directors (IOD) से Directors के लिए प्रतिष्ठित मास्टरक्लास भी सफलतापूर्वक पूरा किया है और एक प्रमाणित कॉर्पोरेट निदेशक हैं। उन्होंने IICA-UNDP से ESG प्रमाणन भी सफलतापूर्वक पूरा किया है। हाल ही में उन्होंने नेतृत्व कौशल प्राप्त करने के लिए IIMA में भी भाग लिया है।

अपनी नेतृत्व भूमिका को और मजबूत बनाते हुए, श्री कविराज ने Real Estate Development एवं Construction Corporation of Rajasthan Limited JV (REDCOR) के निदेशक के रूप में भी सेवा की है।


श्री किशोर गुरदासानी

श्री किशोर गुरदासानी

निदेशक (संचालन)

प्रोफ़ाइल

श्री किशोर गुरदासानी ने एडवान्स्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड के निदेशक (संचालन) एवं बोर्ड के सदस्य का कार्यभार फरवरी, 2026 से ग्रहण किया है। आपके पास विभिन्न आयुध निर्माणियों में वरिष्ठ रक्षा अधिकारी के रूप में योजना, उत्पादन, खरीद और रणनीतिक क्षेत्रों में नेतृत्व का 29 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है। आपमें वेपन सिस्टम, स्वदेशीकरण, आधुनिकीकरण और डिफेन्स प्रोग्राम-निष्पादन की विशेषज्ञता है।

श्री गुरदासानी 1993 में आईआईटी बीएचयू से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (ऑनर्स) में स्नातक उपाधि से विभूषित हैं। आपको यूपीएससी इंजीनियरिंग सेवा परीक्षा (1996) में अखिल भारतीय स्तर पर 23वीं रैंक सहित भारतीय आयुध निर्माणी सेवा (आईओएफएस) के लिए चयनित किया गया। आपने वेपन सिस्टम में विशेषज्ञता प्राप्त की है और आपको डिफेंस इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस्ड टेक्नोलॉजी (डीआईएटी), पुणे से वेपन टेक्नोलॉजी में कोर्स हेतु बैच का टॉपर होने के लिए रनिंग ट्रॉफी से सम्मानित किया गया था।

निदेशक के रूप में नियुक्ति से पहले आप एडवान्स्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड (एडब्ल्यूईआईएल) कॉर्पोरेट मुख्यालय में कार्यकारी निदेशक के पद पर कार्यरत थे। आप एडब्ल्यूईआईएल मुख्यालय की स्थापना के समय से ही इससे जुड़े हैं तथा निम्नलिखित दायित्वों का निर्वहन करते रहे हैं: • वेपन एंड इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरिंग यूनिट के कॉर्पोरेट संचालन हेतु अग्रणी भूमिका • ऑर्डर लाने तथा सशस्त्र बलों के साथ हितधारकों की सहभागिता और निर्यात • वर्क लोड संवितरण-प्रबंधन, क्षमता योजना और प्रदर्शन संबंधी समीक्षा • अनुसंधान एवं विकास, स्वदेशीकरण और आधुनिकीकरण संबंधी कार्यक्रमों का नेतृत्व • प्रमुख जनबल योजना और संचालन रणनीति

एडब्ल्यूईआईएल में शामिल होने से पूर्व श्री गुरदासानी ने पूर्ववर्ती आयुध निर्माणी बोर्ड (ओएफबी) के वेपन डिविजन में निदेशक (वेपन) तथा उसके उपरांत उप महानिदेशक (वेपन) के रूप में 11 वर्षों से अधिक समय तक अपनी समर्पित सेवाएँ दी हैं। उक्त कार्यकाल के दौरान आपने वेपन मैन्युफैक्चरिंग प्रोग्राम की नीति, योजना और क्रियान्वयन संबंधी गतिविधियों का नेतृत्व किया। आप धनुष गन सिस्टम और शारंग गन सिस्टम जैसी प्रमुख परियोजनाओं की अवधारणा से लेकर ऑर्डर प्राप्त करने और उत्पादन के चरण तक बहुत नजदीकी से जुड़े रहे। आपने प्रमुख प्लेटफार्म जैसे-155/52 माउंटेड एंड टोड गन सिस्टम, त्रिची असॉल्ट राइफल (टीएआर 25), 5.56 सीक्यूबी कार्बाइन, 7.62×51 असॉल्ट राइफल, 12.7 मिमी एसआरसीजी गन आदि के डेवलपमेंट में सफल मार्गदर्शन किया है। आपने एके-630 नेवल गन सिस्टम, 12.7 मिमी एसआरसीजी, धनुष और अन्य वेपन प्लेटफॉर्म जैसी प्रमुख रक्षा प्रणालियों के स्वदेशीकरण की पहल की है। आपको ओएफबी द्वारा इंडेन्ट को 4500 करोड़ रुपये के मानित अनुबंध में परिवर्तित करने के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया था और आपने एडब्ल्यूईआईएल के लिए 700 करोड़ रुपये की प्रारंभिक कार्यशील पूंजी तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

अपनी सेवा के प्रारंभिक चरण में आपने आयुध निर्माणी वरणगाँव और आयुध वस्त्र निर्माणी शाहजहाँपुर में 12 वर्षों तक उत्पादन, योजना और खरीद संबंधी दायित्वों का निर्वहन किया। उक्त निर्माणियों में आपने शॉप-फ्लोर पर उत्पादन, योजना, अनुरक्षण, संचालन, सामग्री की खरीद और इन्वेंट्री अनुकूलन, संचालन दक्षता तथा प्रोडक्शन आउटपुट में सुधार की दिशा में अनुकरणीय योगदान दिया। आपके द्वारा ओएफवी में विद्युत प्रणाली में सुधार के परिणामस्वरूप वहाँ बिजली की खपत में काफी बचत हुई, जिसके लिए ओएफबी द्वारा आपको विशेष सम्मान प्रदान किया गया। ओसीएफएस में आपके कार्यकाल के दौरान आपकों उत्पादन और योजना में अनुकरणीय योगदान के लिए दो बार विशेष सम्मान से विभूषित किया गया।

श्री गुरदासानी का मूलमंत्र 'कर्म ही पूजा’ है और आप 'आत्मनिर्भर भारत' के अंतर्गत "भारत की रक्षा क्षमता के सशक्तीकरण हेतु: अपने लिए तथा अपने राष्ट्र के लिए एक व्यापक वैश्विक उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिेए एडब्ल्यूईआईएल के दृष्टिकोण को प्रमुखता से आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।"

डॉ. गरिमा भगत

डॉ. गरिमा भगत, IRS-IT

सरकारी नियुक्ति निदेशक

ईमेल jsls[at]ddpmod[dot]gov[dot]in

प्रोफ़ाइल

डॉ. गरिमा भगत (DIN:10881164), संयुक्त सचिव (भूमि प्रणाली) को 24 दिसंबर 2024 से प्रभावी होकर एडवांस्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड के पार्ट-टाइम अधिकारी निदेशक (सरकारी नामांकित निदेशक) के रूप में नियुक्त किया गया है।

डॉ. भगत बी.टेक (स्वर्ण पदक विजेता), एम.टेक, एमए (अर्थशास्त्र), एलएलबी (स्वर्ण पदक विजेता) और आईआईटी दिल्ली से पीएचडी हैं। उन्होंने उच्चतर माध्यमिक परीक्षा (1990) में प्रथम स्थान और संघ लोक सेवा आयोग (1994) की इंजीनियरिंग सेवा परीक्षा में प्रथम स्थान प्राप्त किया। वह 1996 बैच की भारतीय राजस्व सेवा अधिकारी (आईआरएस-आईटी) हैं।

भारत सरकार में 28 से अधिक वर्षों के सार्वजनिक सेवा अनुभव के साथ, डॉ. भगत ने कराधान, भ्रष्टाचार-विरोधी, सार्वजनिक खरीद, प्रशासन और प्रतिस्पर्धा कानून जैसे क्षेत्रों में व्यापक विशेषज्ञता हासिल की है। वह केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) और भारत सरकार के भीतर कई महत्वपूर्ण पदों पर रह चुकी हैं। वह कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) में मुख्य सतर्कता अधिकारी और भारत के प्रतिस्पर्धा आयोग में संयुक्त निदेशक महानिदेशक के रूप में भी सेवा दे चुकी हैं। डॉ. भगत विभिन्न शीर्ष शैक्षिक और प्रशिक्षण संस्थानों में नियमित अतिथि संकाय सदस्य भी रह चुकी हैं। वह प्रमुख अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं में कई शोध पत्रों के साथ-साथ कराधान पर 3 पुस्तकों की लेखिका हैं। अपने वर्तमान पद के रूप में रक्षा उत्पादन विभाग, रक्षा मंत्रालय, भारत सरकार में संयुक्त सचिव (भूमि प्रणाली) के रूप में सेवा देने से पहले, वह दिल्ली में आयकर आयुक्त के रूप में सेवा दे चुकी हैं।

उसका कंपनी में अन्य निदेशकों के साथ कोई आंतरिक संबंध नहीं है। और उसके पास कंपनी का कोई भी इक्विटी शेयर नहीं है।

श्री नागेंदर शर्मा

श्री नागेंदर शर्मा

स्वतंत्र निदेशक

प्रोफ़ाइल

श्री नागेंदर शर्मा एक समर्पित लोक सेवक एवं बहुराष्ट्रीय और सार्वजनिक क्षेत्र के संगठनों में रणनीतिक एवं सामान्य प्रबंधन में 20 वर्षों से अधिक के प्रगतिशील अनुभवयुक्त एक कुशल कॉर्पोरेट नेतृत्वकर्ता हैं। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से इंजीनियरिंग स्नातक एवं मार्केटिंग में एमबीए उपाधियों से विभूषित श्री शर्मा एचएएल, एयरबस, बोइंग और बीएचईएल जैसे प्रमुख संगठनों में रक्षा, एयरोस्पेस, रेलवे और हैवी इंजीनियरिंग जैसे विविध सेक्टरों में कार्य के अनुभव के आधार पर कुशल तकनीकीविद और वाणिज्यिक विदग्ध व्यक्तित्व हैं।

अपने सेवाकाल के दौरान, कॉर्पोरेट प्रशासन, रणनीतिक योजना, इंजीनियरिंग नेतृत्व और हितधारक जुड़ाव में सशक्त प्रदर्शन तथा अप्रतिम योगदान के लिए आपको 11 उद्योग पुरस्कारों से नवाजा गया है।

आपकी प्रोफाइल कॉर्पोरेट नेतृत्व, नीति और रणनीतिक सलाहकार संबंधी अनुभव, शासन प्रणाली-विशेषज्ञता और जमीनी स्तर पर सार्वजनिक जुड़ाव का अनूठा संगम है, जो राष्ट्र निर्माण और सार्वजनिक सेवा की निरंतरता और प्रतिबद्धता दर्शाती है और आपकी सार्वजनिक क्षेत्र में वरिष्ठ नेतृत्वकर्ता की भूमिका को बखूबी सिद्ध करती है।

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संपर्क विवरण

ओएफसी, कालपी रोड, कानपुर - 208009

मुख्यालय: 0512 - 297 9938

ओएफसी: 0512 - 221 5533

एसएएफ: 0512 - 229 5042 से 46

एफजीके: 0512 - 229 8311

cmd[at]aweil[dot]in

जीएसटीआईएन (सभी राज्य)

उत्तर प्रदेश09AAVCA6457D1Z8
मध्य प्रदेश23AAVCA6457D1ZI
पश्चिम बंगाल19AAVCA6457D1Z7
तमिलनाडु33AAVCA6457D1ZH

अद्यतन संस्करण: 1.4.102

अंतिम अद्यतन: 14 Oct 2026, 17:09:59 बजे

यह एडवांस्ड वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड (AWEIL) की आधिकारिक वेबसाइट है, जो रक्षा मंत्रालय के अधीन भारत सरकार का एक सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम है।

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